देहरादून। टिहरी गढ़वाल की सांसद माला राज्य लक्ष्मी शाह ने “नारी शक्ति वंदन अधिनियम” को भारतीय लोकतंत्र के इतिहास का स्वर्णिम अध्याय बताया है। उन्होंने कहा कि यह अधिनियम महिलाओं को समान अवसर और सम्मान देने वाला एक युगांतकारी कदम है।
सांसद ने नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि उनके दूरदर्शी निर्णयों से अब नीति निर्माण में महिलाओं की सक्रिय और निर्णायक भागीदारी सुनिश्चित होगी।
उन्होंने कहा कि यह कानून पंचायतों से लेकर संसद तक लोकतंत्र को मजबूत करेगा और महिलाओं को नेतृत्व के नए अवसर प्रदान करेगा। देवभूमि की वीरांगनाओं को याद करते हुए उन्होंने रानी कर्णावती, गौरा देवी और कमलेंदु मति शाह जैसी महान हस्तियों का उल्लेख किया।
सांसद ने विश्वास जताया कि “सशक्त नारी, सशक्त भारत” का यह संकल्प देश को अधिक न्यायपूर्ण और प्रगतिशील राष्ट्र बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
