देहरादून। SDRF के जवानों और उनके परिजनों के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। सोमवार, 21 सितंबर 2026 को SDRF वाहिनी मुख्यालय जौलीग्रांट स्थित डिस्पेंसरी में फिजियोथेरेपी सेंटर का शुभारंभ सेनानायक SDRF अर्पण यदुवंशी ने किया। इस सेंटर का उद्देश्य पुलिस कार्मिकों, उनके परिवारजनों तथा आवश्यकता पड़ने पर आमजन को बेहतर फिजियोथेरेपी एवं पुनर्वास संबंधी स्वास्थ्य सुविधाएं स्थानीय स्तर पर उपलब्ध कराना है।
जवानों की शारीरिक फिटनेस में मिलेगी मदद
SDRF जवानों को आपदा एवं रेस्क्यू अभियानों के दौरान कठिन भौगोलिक परिस्थितियों में लंबे समय तक शारीरिक परिश्रम करना पड़ता है। ऐसे में चोट, मांसपेशियों में खिंचाव, जोड़ों से जुड़ी समस्या और अन्य शारीरिक परेशानियों के बाद समय पर फिजियोथेरेपी एवं पुनर्वास बेहद उपयोगी साबित हो सकता है।
फिजियोथेरेपी सेंटर में मांसपेशियों एवं जोड़ों से संबंधित समस्याओं, शारीरिक दर्द, चोट के बाद पुनर्वास, मांसपेशियों की कमजोरी और शारीरिक गतिशीलता में सुधार के लिए आवश्यक सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

उपचार के लिए बाहर जाने की जरूरत होगी कम
नए सेंटर के शुरू होने से SDRF कार्मिकों को चोट अथवा शारीरिक समस्या के बाद स्थानीय स्तर पर ही पुनर्वास संबंधी सुविधा मिल सकेगी। इससे उन्हें समयबद्ध उपचार प्राप्त करने के साथ अपनी शारीरिक कार्यक्षमता और फिटनेस बनाए रखने में भी मदद मिलेगी।
इसके अलावा पुलिस कार्मिकों एवं उनके परिजनों को फिजियोथेरेपी के लिए अन्य स्थानों पर जाने की आवश्यकता कम होगी। आवश्यकता के अनुसार आमजन भी इस सुविधा का लाभ ले सकेंगे।

अधिकारी और कर्मचारी रहे मौजूद
फिजियोथेरेपी सेंटर के उद्घाटन कार्यक्रम में उपसेनानायक शुभांक रतूड़ी, सहायक सेनानायक संजय उप्रेती, शिविरपाल आनंद सिंह रावत सहित SDRF के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
SDRF मुख्यालय में शुरू की गई यह सुविधा जवानों की स्वास्थ्य देखभाल, चोट के बाद पुनर्वास और उनकी शारीरिक फिटनेस को बनाए रखने की दिशा में एक उपयोगी कदम मानी जा रही है।
