बौराड़ी में आयोजित शिविर के समापन पर डीएम नितिका खंडेलवाल ने बांटे उपकरण और सुनी समस्याएं
नई टिहरी। प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की मंशा के अनुरूप समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुँचाने के उद्देश्य से टिहरी गढ़वाल में एक सराहनीय पहल की गई। जिला प्रशासन के तत्वाधान में समाज कल्याण विभाग और स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त प्रयासों से नई टिहरी के बौराड़ी स्थित प्रताप इंटर कॉलेज में दो दिवसीय विशाल दिव्यांग शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य दिव्यांगजनों को एक ही छत के नीचे स्वास्थ्य परीक्षण, प्रमाण पत्र निर्माण और सहायक उपकरणों का वितरण जैसी सुविधाएं प्रदान करना था।
शिविर के दूसरे और अंतिम दिन जिलाधिकारी नितिका खंडेलवाल ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। उन्होंने शिविर में आए दिव्यांगजनों से आत्मीयता के साथ मुलाकात की, उनकी समस्याएं सुनीं और मौके पर ही उन्हें सहायक उपकरण वितरित कर उनके जीवन को सुगम बनाने का प्रयास किया।शिविर के दूसरे दिन विकासखंड देवप्रयाग, कीर्तिनगर, थौलधार, चंबा और फकोट क्षेत्र के दिव्यांगजनों का जमावड़ा लगा रहा।
प्रशासन की ओर से इन दूरदराज क्षेत्रों से आने वाले दिव्यांगजनों के लिए आवागमन और शिविर स्थल पर भोजन की निःशुल्क और उत्तम व्यवस्था की गई थी, ताकि उन्हें किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। गुरुवार को शिविर के समापन दिवस पर कुल 137 लोगों ने अपना पंजीकरण कराया। स्वास्थ्य विभाग के विशेषज्ञ चिकित्सकों और राफेल संस्थान की टीम द्वारा किए गए गहन परीक्षण के बाद मानसिक, नेत्र और अस्थि रोग (ऑर्थाे) से संबंधित कुल 54 दिव्यांग प्रमाण पत्र मौके पर ही निर्गत किए गए। इसके साथ ही जिलाधिकारी और अन्य अतिथियों द्वारा जरूरतमंदों को 46 सहायक उपकरण वितरित किए गए, जिन्हें पाकर लाभार्थियों के चेहरे खिल उठे।
इससे पूर्व शिविर के पहले दिन यानी बुधवार को विकासखंड भिलंगना, प्रतापनगर, जाखणीधार और जौनपुर क्षेत्र के दिव्यांगजनों ने शिविर का लाभ उठाया था। पहले दिन कुल 163 पंजीकरण हुए थे, जिसमें 56 प्रमाण पत्र जारी किए गए और 35 सहायक उपकरण वितरित किए गए। इस प्रकार दो दिनों तक चले इस महाअभियान में कुल मिलाकर 300 से अधिक लोगों ने पंजीकरण कराया और सैकड़ों लोग लाभान्वित हुए। जिला समाज कल्याण अधिकारी श्रेष्ठा भाकुनी ने इस अवसर पर आश्वस्त किया कि भविष्य में भी विभाग द्वारा दिव्यांगजनों के कल्याण के लिए इस प्रकार के बहुउद्देशीय शिविरों का आयोजन निरंतर किया जाता रहेगा, ताकि कोई भी पात्र व्यक्ति लाभ से वंचित न रहे।
