नौगांव/उत्तराखंड |
रवांई क्षेत्र का पृथक जनपद बनने का मुद्दा एक बार फिर तेजी से उठने लगा है। मंगलवार को नौगांव में आयोजित विशाल महा जनसंवाद में मोरी, पुरोला, नौगांव और बड़कोट विकासखंडों से आए बुद्धिजीवियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और जन-सरोकारों से जुड़े लोगों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता रवांई पृथक जिला संघर्ष समिति के अध्यक्ष बलदेब असवाल ने की। बैठक में तीनों विकासखंडों के अध्यक्ष भी उपस्थित रहे। इस दौरान उपस्थित लोगों ने वर्षों से लंबित इस मांग को लेकर निर्णायक लड़ाई लड़ने का संकल्प लिया।
वक्ताओं ने कहा कि रवांई क्षेत्र लंबे समय से विकास की मुख्यधारा से उपेक्षित रहा है, और पृथक जनपद बनने से क्षेत्र का समग्र विकास संभव हो सकेगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि अब समय आ गया है कि इस मांग को केवल चर्चा तक सीमित न रखा जाए, बल्कि ठोस रणनीति के साथ इसे आगे बढ़ाया जाए।
जनसंवाद में शामिल लोगों ने एक स्वर में कहा कि आंदोलन को सफल बनाने के लिए सभी को राजनीति, दलगत सोच और क्षेत्रवाद से ऊपर उठकर एकजुट होना होगा। बैठक में आगामी जनसभा और आंदोलन की रूपरेखा पर भी विस्तृत चर्चा हुई, ताकि इस मांग को और मजबूती से आगे बढ़ाया जा सके।
इस मौके पर राज्य मंत्री राजकुमार, कैलाश, रणवीर सिंह और महावीर सिंह पंवार समेत भारी संख्या में लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम ने स्थानीय समुदाय को एकजुट करने के साथ-साथ रवांई क्षेत्र के विकास और पहचान को लेकर उत्साह और सकारात्मकता का माहौल तैयार किया।
