नई टिहरी। भारतीय पर्वतारोहण संस्थान (IMF) द्वारा पर्यटन मंत्रालय, भारत सरकार के अंतर्गत टिहरी जनपद में संचालित रिवर राफ्टिंग कोर्स के प्रतिभागियों ने गंगा नदी के तटों पर स्वच्छता अभियान चलाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। अभियान के दौरान कोर्स में शामिल प्रशिक्षुओं ने गंगा के किनारे फैले कचरे, प्लास्टिक और अन्य अपशिष्ट को एकत्र किया। इस पहल के माध्यम से प्रतिभागियों ने गंगा नदी को स्वच्छ एवं निर्मल बनाए रखने का संकल्प दोहराया। साथ ही देश और प्रदेशवासियों से गंगा को प्रदूषण मुक्त रखने तथा प्लास्टिक के उपयोग से बचने की अपील की।

प्रकृति और नदियों का संरक्षण एडवेंचर प्रोफेशनल का पहला कर्तव्य
इस अवसर पर भारतीय पर्वतारोहण संस्थान के प्रधानाचार्य कर्नल ईश्वर सिंह थापा ने स्वच्छता अभियान में भाग लेने वाले सभी प्रशिक्षुओं के प्रयासों की सराहना की और उनका उत्साहवर्धन किया।
उन्होंने कहा कि एक एडवेंचर प्रोफेशनल का पहला कर्तव्य प्रकृति और नदियों का संरक्षण करना है। गंगा केवल हमारी आस्था का प्रतीक ही नहीं, बल्कि जीवन रेखा भी है। इसे स्वच्छ और निर्मल बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने और प्राकृतिक संसाधनों को सुरक्षित रखने के लिए ऐसे प्रयासों को महत्वपूर्ण बताया।
स्वच्छ गंगा का दिया संदेश
स्वच्छता अभियान में संस्थान के प्रशिक्षकों और रिवर राफ्टिंग कोर्स के प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस पहल के माध्यम से उन्होंने संदेश दिया कि साहसिक पर्यटन के साथ-साथ नदियों, प्राकृतिक संसाधनों और पर्यावरण की सुरक्षा भी बेहद जरूरी है।
