टिहरी। प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी पहल “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान के तहत जनपद टिहरी गढ़वाल के सुदूरवर्ती ग्रामीण अंचलों में प्रशासन ने अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। इसी क्रम में तहसील प्रतापनगर, जाखणीधार, देवप्रयाग और धनोल्टी क्षेत्र की विभिन्न न्याय पंचायतों में भव्य बहुउद्देशीय शिविरों का आयोजन किया गया। इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य आम जनमानस की समस्याओं का स्थानीय स्तर पर त्वरित समाधान करना और सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक सीधे पहुंचाना रहा। शिविरों में उच्चाधिकारियों और जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने अपनी समस्याएं रखीं, जिनमें से कई का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया।
तहसील प्रतापनगर की न्याय पंचायत भेन्गी में आयोजित शिविर में अपर सचिव ग्राम्य विकास झरना कमठान ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। उन्होंने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार का स्पष्ट उद्देश्य है कि लोगों को छोटी-छोटी समस्याओं के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें, इसीलिए जिला प्रशासन खुद जनता के द्वार पहुंचकर मूलभूत समस्याओं का समाधान कर रहा है। इस शिविर के नोडल अधिकारी त्रयम्बक गैरोला ने बताया कि यहां 53 शिकायतें पंजीकृत की गईं, जिनमें से 18 का मौके पर ही समाधान कर दिया गया। शिविर में 491 लोगों ने प्रतिभाग किया और स्वास्थ्य जांच व अन्य सामग्री वितरण के माध्यम से 395 लोग लाभान्वित हुए। इस दौरान डीडीओ मो. असलम, ब्लॉक प्रमुख मनीषा पंवार और एसडीएम अंकित राज सहित कई अधिकारी मौजूद रहे।
दूसरी ओर, तहसील जाखणीधार की कुमारधार न्याय पंचायत के राजकीय इंटर कॉलेज जाखणीधार में आयोजित शिविर में विधायक टिहरी किशोर उपाध्याय ने मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। पीडी डीआरडीए पी.एस. चौहान की अध्यक्षता में हुए इस शिविर में 265 लोगों ने हिस्सा लिया और 35 शिकायतें दर्ज कराईं, जिनमें से छह का मौके पर निस्तारण हुआ। वहीं, तहसील देवप्रयाग की पुजारगांव न्याय पंचायत में आयोजित शिविर में लघु सिंचाई सलाहकार समिति के उपाध्यक्ष जगत सिंह चौहान और ब्लॉक प्रमुख विनोद बिष्ट ने शिरकत की। एडीएम मंजू राजपूत की अध्यक्षता में हुए इस शिविर में 414 लोगों ने प्रतिभाग किया और 152 लोग विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित हुए।
