नई टिहरी। प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी पहल “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान के तहत टिहरी जनपद के दूरस्थ क्षेत्रों में प्रशासनिक मशीनरी सक्रिय नजर आ रही है। इसी कड़ी में शुक्रवार को तहसील घनसाली के भिलंगना ब्लॉक अंतर्गत न्याय पंचायत कठूड़ के राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय धमातोली में एक विशाल बहुउद्देशीय शिविर का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल की अध्यक्षता में आयोजित इस शिविर में घनसाली विधायक शक्तिलाल शाह ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। शिविर के दौरान ग्रामीणों ने अपनी समस्याएं खुलकर उच्च अधिकारियों के समक्ष रखीं, जिनमें से कई का मौके पर ही निस्तारण किया गया। शिविर में कुल 104 आवेदन पत्र दर्ज किए गए, जबकि 730 लोगों ने विभिन्न विभागीय स्टालों पर पंजीकरण कराकर स्वास्थ्य और अन्य सेवाओं का लाभ उठाया।

शिविर के दौरान जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि इन आयोजनों का उद्देश्य केवल औपचारिकता निभाना नहीं, बल्कि अंतिम व्यक्ति तक सरकार की योजनाओं को पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की मंशा के अनुरूप प्रत्येक न्याय पंचायत में ऐसे शिविर लगाए जा रहे हैं ताकि जनता को 23 विभागों की सेवाएं एक ही छत के नीचे मिल सकें। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को हिदायत दी कि शिविर में प्राप्त शिकायतों को सीएम जन समर्पण पोर्टल पर अपलोड कर उनकी साप्ताहिक समीक्षा की जाए और प्राथमिकता के आधार पर उनका निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। इस अवसर पर बाल विकास विभाग की ओर से चार लाभार्थियों को मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट और शिक्षा विभाग की साइकिल योजना के तहत नौवीं कक्षा की छात्रा मानसी को 2850 रुपये का चेक प्रदान किया गया।
शिविर में कई गंभीर मामलों पर जिलाधिकारी ने सख्त रुख अपनाया। ग्राम पंगरिया बडियार निवासी गोविंद लाल ने शिकायत दर्ज कराई कि जगदीशीला सहकारी मत्स्य जीवी समिति और एक निर्माण कंपनी ने ट्राउट फिश पालन के नाम पर उनकी 25 नाली भूमि बर्बाद कर दी है। इस पर जिलाधिकारी ने तत्काल मुख्य विकास अधिकारी को एक जांच समिति गठित कर कार्रवाई करने के आदेश दिए। वहीं, स्कूलों के आसपास अवैध शराब की बिक्री की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए डीएम ने एसडीएम और आबकारी अधिकारी को औचक निरीक्षण करने और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। साथ ही राजकीय अटल आदर्श उत्कृष्ट विद्यालय मथकुड़ी में तोड़फोड़ की शिकायत पर एसडीएम को तत्काल मुकदमा दर्ज करने और वहां शिक्षकों की तैनाती व पानी की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।
