टिहरी। जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल की अध्यक्षता में बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में फार्मर रजिस्ट्री की कार्य प्रगति की समीक्षा को लेकर बैठक आयोजित की गई। बैठक में बताया गया कि जिन किसानों का अंश निर्धारण पूरा हो चुका है, उनकी फार्मर रजिस्ट्री की जा सकती है।
जिलाधिकारी ने मुख्य कृषि अधिकारी को सीएससी संचालकों के साथ समन्वय स्थापित कर फार्मर रजिस्ट्री के कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने समस्त तहसीलदारों एवं सीएससी संचालकों के साथ बैठक कर पंचायती राज विभाग, राजस्व विभाग और अन्य संबंधित विभागों के समन्वय से ग्राम प्रधानों का सहयोग लेते हुए कार्य को गति देने को कहा।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जिन क्षेत्रों में फार्मर रजिस्ट्री के लिए कैंप की आवश्यकता है, वहां विशेष कैंप आयोजित किए जाएं। पहले से संचालित कैंपों में आवश्यकता के अनुसार कैंपों की संख्या बढ़ाई जाए और निर्धारित रोस्टर के अनुसार उनका संचालन सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने मुख्य कृषि अधिकारी को ग्रामवार लक्ष्य निर्धारित कर फार्मर रजिस्ट्री की नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। साथ ही तहसीलदारों और इस कार्य में लगे अधिकारियों-कर्मचारियों के साथ समन्वय स्थापित कर प्रतिदिन प्रगति की समीक्षा करने तथा शाम को बैठक कर दिनभर की प्रगति की जानकारी लेने को कहा।

जिलाधिकारी ने कहा कि किसानों को फार्मर रजिस्ट्री कराने के लिए सीएससी/जन सेवा केंद्र, स्वयं ऑनलाइन पंजीकरण तथा ग्राम पंचायत स्तर पर आयोजित विशेष कैंपों की सुविधा उपलब्ध कराई जाए। अधिक संख्या में किसान शेष रहने वाले गांवों को चिन्हित कर रोस्टर के अनुसार विशेष कैंप आयोजित किए जाएं, ताकि फार्मर रजिस्ट्री के कार्य में तेजी लाई जा सके।
बैठक में अपर जिलाधिकारी शैलेन्द्र सिंह नेगी, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से मुख्य कृषि अधिकारी विजय देवराड़ी, समस्त तहसीलदार एवं अन्य संबंधित अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
