चमोली। 9 मार्च से प्रस्तावित विधानसभा बजट सत्र को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी गौरव कुमार और पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार ने कर्णप्रयाग से लेकर भराड़ीसैण विधानसभा परिसर तक जमीनी हकीकत परखते हुए व्यवस्थाओं का बारीकी से निरीक्षण किया।
सुरक्षा से सुविधाओं तक, हर पहलू की समीक्षा
विधानसभा परिसर में आयोजित समीक्षा बैठक में अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया गया—कोई भी व्यवस्था अधूरी नहीं रहनी चाहिए।
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बैरिकेडिंग और वाहन पार्किंग
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पेयजल, शौचालय और साफ-सफाई
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मेडिकल सुविधाएं और एंबुलेंस
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स्ट्रीट लाइट, बिजली और सीसीटीवी
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हेलीपैड, एटीएम और आवासीय इंतजाम
सभी व्यवस्थाओं को समय रहते दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए।
सुरक्षा पर विशेष फोकस
संवेदनशील क्षेत्रों में नेटवर्क और वायरलेस कनेक्टिविटी मजबूत करने, शैडो एरिया चिन्हित कर अतिरिक्त संचार साधन उपलब्ध कराने तथा पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने को कहा गया।
फेरीवालों, मजदूरों और होमस्टे में ठहरने वाले लोगों का सत्यापन अनिवार्य रूप से करने के निर्देश दिए गए हैं। संभावित प्रदर्शनों को देखते हुए भी विशेष सतर्कता बरतने को कहा गया है।
सड़क भी होगी गड्ढामुक्त
जिलाधिकारी ने कर्णप्रयाग-भराड़ीसैण मार्ग का निरीक्षण करते हुए एनएच के अधीक्षण अभियंता को खम्मप्यांणा और जखेड गदेरे में जल निकासी की समुचित व्यवस्था और तीन दिन के भीतर सड़क को गड्ढामुक्त करने के निर्देश दिए।
“सौंपे गए दायित्वों का ईमानदारी से करें निर्वहन”
जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि सभी अधिकारी-कर्मचारी अपने दायित्वों का गंभीरता से पालन करें। अतिरिक्त संसाधनों की आवश्यकता होने पर अपर जिलाधिकारी और नोडल अधिकारी (मुख्य विकास अधिकारी) से समन्वय स्थापित किया जाए।
प्रशासन का दावा है कि इस बार बजट सत्र के दौरान सुरक्षा और व्यवस्थाओं के स्तर पर कोई चूक नहीं होगी।
