देहरादून। भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) के देहरादून शाखा कार्यालय की ओर से बुधवार को विश्व मानक दिवस 2026 के अवसर पर मोहबेवाला स्थित होटल रीजेंटा में कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस वर्ष की थीम “सतत विकास लक्ष्य–7: सस्ती एवं स्वच्छ ऊर्जा” पर केंद्रित कार्यक्रम में उद्योग जगत, औद्योगिक संगठनों, ज्वेलरी क्षेत्र और BIS के लाइसेंसधारकों सहित 200 से अधिक प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।

कार्यक्रम में देहरादून के महापौर सौरभ थपलियाल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग की अपर सचिव रुचि मोहन रयाल विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। उद्योग विभाग के संयुक्त निदेशक अनुपम द्विवेदी सहित विभिन्न औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भी कार्यक्रम में सहभागिता की।
सस्ती और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने पर जोर
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सस्ती एवं स्वच्छ ऊर्जा को प्रोत्साहित करने, ऊर्जा दक्षता बढ़ाने और नवीकरणीय ऊर्जा प्रौद्योगिकियों के उपयोग में भारतीय मानकों की भूमिका के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
इस दौरान Exide, Microtek, Novateur और Mochiko के विशेषज्ञों ने स्वच्छ एवं किफायती ऊर्जा से जुड़े विभिन्न विषयों पर प्रस्तुतियां दीं। विशेषज्ञों ने आधुनिक ऊर्जा तकनीकों, ऊर्जा दक्षता और सतत विकास के लक्ष्यों को हासिल करने में गुणवत्ता एवं मानकीकरण के महत्व पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में कहा गया कि स्वच्छ ऊर्जा तकनीकों को व्यापक स्तर पर अपनाने और ऊर्जा संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए प्रभावी गुणवत्ता मानकों का होना जरूरी है।
उद्योग संगठनों और BIS लाइसेंसधारकों का सम्मान
कार्यक्रम के दौरान उद्योग संगठनों, ज्वेलरी एसोसिएशन, प्रमुख BIS लाइसेंसधारकों और BIS मेंटरों को सम्मानित किया गया। गुणवत्ता व्यवस्था को मजबूत बनाने, भारतीय मानकों के प्रचार-प्रसार और गुणवत्ता संस्कृति को बढ़ावा देने में उनके योगदान को सराहा गया।
इस पहल का उद्देश्य उद्योगों और संबंधित हितधारकों को गुणवत्ता, उपभोक्ता सुरक्षा तथा निर्धारित मानकों के अनुपालन के प्रति प्रोत्साहित करना रहा।
हॉलमार्किंग और अनुपालन प्रक्रिया में सुधारों की दी जानकारी
BIS देहरादून शाखा कार्यालय के निदेशक एवं प्रमुख हेमंत आड़े ने भारतीय मानक ब्यूरो की विभिन्न पहलों की जानकारी दी। उन्होंने अनुपालन प्रक्रियाओं को सरल बनाने, उद्योगों के लिए ईज ऑफ कम्प्लायंस को बढ़ावा देने और हॉलमार्किंग व्यवस्था में किए जा रहे सुधारों पर प्रकाश डाला।
उन्होंने भारतीय मानकों के प्रभावी क्रियान्वयन और BIS प्रमाणन एवं हॉलमार्किंग के माध्यम से उपभोक्ताओं के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में ब्यूरो की भूमिका के बारे में भी बताया। उन्होंने उद्योगों में गुणवत्ता के उच्च स्तर को बनाए रखने के लिए मानकों के अनुपालन को महत्वपूर्ण बताया।

सतत विकास लक्ष्यों में गुणवत्ता मानकों की अहम भूमिका
कार्यक्रम में सस्ती एवं स्वच्छ ऊर्जा तक व्यापक पहुंच सुनिश्चित करने, ऊर्जा संरक्षण को बढ़ावा देने और पर्यावरण अनुकूल प्रौद्योगिकियों के विकास में गुणवत्ता मानकों की भूमिका पर विशेष जोर दिया गया।
प्रतिभागियों ने इस बात पर बल दिया कि सतत विकास के लक्ष्यों को हासिल करने के लिए सरकारी विभागों, उद्योग जगत, मानक विशेषज्ञों और उपभोक्ताओं के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है।
विश्व मानक दिवस 2026 के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम के माध्यम से गुणवत्ता, नवाचार, ऊर्जा दक्षता और सतत विकास के प्रति भारतीय मानक ब्यूरो की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया गया। साथ ही, उद्योग जगत और विभिन्न हितधारकों के साथ सहयोग मजबूत करने पर जोर दिया गया।
कार्यक्रम में इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (IIA), इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ऑफ उत्तराखंड, PHDCCI और UIWA के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।
