उत्तरकाशी। लघु डाल नलकूप खण्ड के अंतर्गत कार्यरत पंप ऑपरेटरों ने वर्षों से लंबित मांगों को लेकर एक बार फिर विभाग के खिलाफ रोष व्यक्त किया है। ऑपरेटरों का कहना है कि वे लघु डाल नलकूप खण्ड, उत्तरकाशी में पिछले 18 से 20 वर्षों से सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन आज तक उन्हें न तो स्थायी नियुक्ति मिली और न ही समान कार्य के लिए समान वेतन का लाभ।
कर्मचारियों के अनुसार वर्तमान में ठेकेदार व्यवस्था के तहत उन्हें मात्र 12 से 14 दिन की मजदूरी दी जाती है, जबकि उनसे 24 घंटे ड्यूटी करवाई जाती है। ऑपरेटर नलकूपों के संचालन के साथ-साथ उनकी देखरेख और रखरखाव की जिम्मेदारी भी निभा रहे हैं, फिर भी उन्हें श्रम के अनुरूप वेतन नहीं मिल रहा है।
ऑपरेटरों ने बताया कि 19 सितंबर 2025 को संयुक्त रूप से विभागीय अधिकारियों और जिलाधिकारी उत्तरकाशी को ज्ञापन सौंपा जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
प्रमुख मांगें
पंप ऑपरेटरों की प्रमुख मांगों में शामिल हैं—
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ठेकेदार व्यवस्था समाप्त कर विभागीय भुगतान प्रणाली लागू करना
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समान कार्य के लिए समान वेतन और नियमितीकरण
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783 रुपये प्रतिदिन की दर से पूरे महीने का वेतन, बिना जीएसटी कटौती
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वर्दी भत्ता, टॉर्च, जूते जैसी आवश्यक सुविधाएं
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सभी लिफ्टों पर टूल किट उपलब्ध कराना
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निर्माण काल से कार्यरत सभी ऑपरेटरों को ज्वाइनिंग लेटर प्रदान करना
इसके अतिरिक्त कर्मचारियों ने विद्युत विभाग की तर्ज पर सभी पंप ऑपरेटरों का बीमा किए जाने की मांग भी उठाई है, ताकि कार्य के दौरान दुर्घटना की स्थिति में परिवार को आर्थिक सुरक्षा मिल सके।
रोपाई के समय हड़ताल की चेतावनी
पंप ऑपरेटरों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो रोपाई के महत्वपूर्ण समय में सभी ऑपरेटर अपनी-अपनी लिफ्टों पर बैठकर हड़ताल करेंगे। उनका कहना है कि ऐसी स्थिति में उत्पन्न होने वाली किसी भी समस्या की पूरी जिम्मेदारी विभाग की होगी।
वहीं पंप ऑपरेटर संघ के अध्यक्ष रामराज सिंह चौहान ने स्पष्ट कहा कि मांगें पूरी न होने पर रोपाई के समय कार्य बंद कर दिया जाएगा, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी विभाग की होगी।
