नई टिहरी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की महत्वाकांक्षी पहल “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” के अंतर्गत शुक्रवार को टिहरी जनपद के दूरदराज इलाकों में प्रशासन ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। जनपद की तीन तहसीलोंकृघनसाली, नरेंद्रनगर और प्रतापनगर में आयोजित बहुउद्देशीय शिविरों के माध्यम से शासन-प्रशासन ने ग्रामीणों के दरवाजे पर पहुंचकर उनकी समस्याओं का समाधान किया। इन शिविरों में कृषि, समाज कल्याण, ग्राम्य विकास, और स्वास्थ्य सहित करीब 32 सरकारी विभागों ने अपने स्टॉल लगाए, जहां ग्रामीणों को जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देने के साथ-साथ मौके पर ही प्रमाण पत्र बनाने और शिकायतों के निस्तारण की सुविधा प्रदान की गई।
तहसील घनसाली के भिलंगना ब्लॉक अंतर्गत न्याय पंचायत देवंज के राजकीय इंटर कॉलेज नवजीवन आश्रम घुत्तू में आयोजित शिविर की अध्यक्षता डीएफओ (वन प्रभाग टिहरी डैम) ने की। यहां नोडल अधिकारी एवं सहायक निदेशक मत्स्य पालन उपेंद्र प्रताप सिंह की देखरेख में 32 विभागों ने स्टॉल लगाकर जनता को सेवाएं दीं। शिविर में 378 ग्रामीणों ने पंजीकरण कराया, जिसमें कुल 46 शिकायतें दर्ज की गईं। प्रशासन की तत्परता से इनमें से 22 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। इसके अतिरिक्त, प्रमाण पत्रों और अन्य सेवाओं के लिए 63 आवेदन प्राप्त हुए, जबकि स्वास्थ्य जांच और सामग्री वितरण के माध्यम से 89 लोगों को लाभान्वित किया गया।
इसी क्रम में तहसील नरेंद्रनगर क्षेत्र की न्याय पंचायत आमपाटा के राजकीय इंटर कॉलेज जाजल में एसडीएम नरेंद्रनगर आशीष घिल्डियाल की अध्यक्षता में शिविर संपन्न हुआ। इस शिविर में राज्य आंदोलनकारी बोर्ड के उपाध्यक्ष (राज्य मंत्री स्तर) सुभाष बड़थ्वाल ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। नोडल अधिकारी एवं एडीपीआरओ राकेश शर्मा ने बताया कि यहां 29 विभागों के स्टालों पर 157 लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। शिविर में आई 56 शिकायतों में से 20 का तत्काल समाधान किया गया, जबकि प्रमाण पत्रों के लिए 24 आवेदन स्वीकार किए गए। स्वास्थ्य शिविर का लाभ 10 लोगों ने उठाया। इस दौरान डीपीआरओ एमएम खान, तहसीलदार ओपी उनियाल और बीडीओ श्रुति वत्स सहित कई विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।
