टिहरी। जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जनता मिलन कार्यक्रम में फरियादियों की समस्याएं सुनी गईं। कार्यक्रम में कुल 57 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनके त्वरित निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए।
मानसून सीजन को देखते हुए जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को मुख्यालय पर उपस्थित रहने और अलर्ट मोड में कार्य करने के निर्देश दिए। साथ ही जनता मिलन कार्यक्रम में सभी शिकायतों को दोपहर एक बजे तक अनिवार्य रूप से पंजीकृत करने के लिए कहा।
जनसुनवाई के दौरान विकासखंड जाखणीधार के ग्राम कफलोग निवासी पुरुषोतम लाल ने लोक निर्माण विभाग द्वारा आपदा के दौरान बनाई गई दीवार के क्षतिग्रस्त होने से मकानों को खतरा होने की शिकायत की। इस पर अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण विभाग नई टिहरी को जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
विकासखंड नरेंद्रनगर की ग्राम पंचायत छोटी बेरनी निवासी सीता देवी ने बेरनी छोटी-अमसारी मोटर मार्ग से मलबा खेतों में आने और मार्ग पर पुश्ता टूटने से पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त होने की शिकायत की। जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग नरेंद्रनगर और जल संस्थान नई टिहरी को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
तहसील टिहरी के ग्राम गुनोगी निवासी सुरती राम ने होटल स्वामी द्वारा पुश्ता बनाकर मलबा डंप किए जाने और उसमें दरारें आने से मकान पर खतरा होने की शिकायत करते हुए परिवार एवं मवेशियों के लिए वैकल्पिक आवास की मांग की। इस पर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
उत्तरकाशी जिले के नागणी, चिन्यालीसौड़ निवासी अम्बिका प्रसाद एवं अन्य लोगों ने टिहरी बांध के लिए अधिग्रहित भूमि का मुआवजा अब तक नहीं मिलने की शिकायत की। जिलाधिकारी ने टीएचडीसी और विशेष भूमि अध्याप्ति अधिकारी (एसएलएओ) को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
वहीं, कीर्तिनगर के ग्राम धारी के ग्रामीणों ने जल जीवन मिशन की लंबी पेयजल लाइन के कारण पानी की समस्या बताते हुए ट्यूबवेल लगाने की मांग की। इस पर जल संस्थान देवप्रयाग को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
