देहरादून। जनपद देहरादून में आगामी 18 अक्टूबर 2026 (रविवार) को आयोजित होने वाली पशुधन प्रसार अधिकारी एवं सर्वेक्षक लिखित परीक्षा-2026 के सफल, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण संचालन के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। परीक्षा की व्यवस्थाओं, शुचिता और गोपनीयता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) के.के. मिश्रा की अध्यक्षता में कोषागार सभागार में सेक्टर मजिस्ट्रेटों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में परीक्षा से संबंधित व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

25 परीक्षा केंद्रों पर शामिल होंगे 10,492 अभ्यर्थी
जनपद में दोनों पदों के लिए लिखित परीक्षा दो पालियों में आयोजित की जाएगी। पशुधन प्रसार अधिकारी पद की परीक्षा के लिए 21 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां कुल 8,957 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। यह परीक्षा सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक आयोजित होगी।
वहीं, सर्वेक्षक पद के लिए जिले में चार परीक्षा केंद्र निर्धारित किए गए हैं। इन केंद्रों पर कुल 1,535 अभ्यर्थी शामिल होंगे। सर्वेक्षक की लिखित परीक्षा दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की जाएगी।
इस तरह दोनों परीक्षाओं में कुल 10,492 अभ्यर्थी शामिल होंगे। परीक्षा के सुचारू संचालन के लिए जिला प्रशासन ने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को जिम्मेदारियां सौंप दी हैं।
परीक्षा में लापरवाही बर्दाश्त नहीं, अधिकारियों को निर्देश
बैठक की अध्यक्षता करते हुए अपर जिलाधिकारी के.के. मिश्रा ने निर्देश दिए कि सभी अधिकारी और कर्मचारी परीक्षा से जुड़े दायित्वों का निर्वहन पूरी गंभीरता, सतर्कता और जिम्मेदारी के साथ करें। उन्होंने आयोग की ओर से निर्धारित दिशा-निर्देशों और मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि परीक्षा की निष्पक्षता, पारदर्शिता, गोपनीयता और शांतिपूर्ण संचालन जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
अपर जिलाधिकारी ने परीक्षा केंद्रों पर समय से सभी व्यवस्थाएं पूरी करने, संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने तथा परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था रोकने के निर्देश भी दिए।
ओएमआर शीट और गोपनीय सामग्री सुरक्षित जमा कराने के निर्देश
परीक्षा संपन्न होने के बाद गोपनीय सामग्री को सुरक्षित रखने के संबंध में भी अधिकारियों को निर्देशित किया गया। सभी सेक्टर मजिस्ट्रेटों को आयोग की निर्धारित प्रक्रिया और मानकों के अनुसार मूल ओएमआर शीट तथा नमूना सील सहित परीक्षा से संबंधित गोपनीय सामग्री कोषागार में सुरक्षित जमा कराने को कहा गया।
अधिकारियों को सामग्री के रखरखाव, परिवहन और जमा करने के दौरान निर्धारित प्रक्रिया का पूरी तरह पालन करने के निर्देश दिए गए, ताकि परीक्षा की गोपनीयता और विश्वसनीयता बनी रहे।

अभ्यर्थी समय से पहुंचें, मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक गैजेट प्रतिबंधित
जिला प्रशासन ने सभी अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे परीक्षा केंद्र पर निर्धारित समय से पहले पहुंचें और परीक्षा संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करें। अभ्यर्थियों को परीक्षा में शामिल होने से पहले आयोग की ओर से जारी निर्देशों का अच्छी तरह अवलोकन करने तथा केंद्र पर अनुशासन बनाए रखने की सलाह दी गई है।
प्रशासन के अनुसार, परीक्षा केंद्र के भीतर मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक गैजेट और किसी भी प्रकार के अनुचित साधनों का प्रयोग प्रतिबंधित रहेगा। अभ्यर्थियों से परीक्षा के नियमों का पालन करते हुए परीक्षा प्रक्रिया को सुचारू बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की गई है।
बैठक में ये अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में उप कोषाधिकारी भरत सिंह मेवाड़, उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग से बृजलाल बहुगुणा और सुभाष चंद्र घिल्डियाल सहित परीक्षा के लिए नियुक्त सेक्टर मजिस्ट्रेट तथा संबंधित अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
जिला प्रशासन ने दोनों परीक्षाओं के निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण आयोजन के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने की बात कही है। साथ ही, परीक्षा से जुड़े सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को अपने दायित्वों का पूरी सतर्कता और जिम्मेदारी के साथ निर्वहन करने के निर्देश दिए गए हैं।
