देहरादून। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA), नई दिल्ली के मेगा ड्राइव अभियान के तहत देहरादून की ग्राम पंचायत धूलकोट माफी में जनकल्याणकारी गतिविधियों को गति दी जा रही है। ग्राम पंचायत को आदर्श ग्राम पंचायत के रूप में विकसित करने और ग्रामीणों को उनके विधिक अधिकारों, सरकारी योजनाओं तथा आवश्यक सेवाओं से जोड़ने के उद्देश्य से पिछले दो माह से लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में 22 अक्टूबर 2026 को ग्राफिक एरा और राही नेत्रधाम हॉस्पिटल के सहयोग से वृहद स्वास्थ्य एवं नेत्र चिकित्सा शिविर आयोजित किया गया। शिविर में 100 से अधिक लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की गईं, जबकि 129 लोगों की आंखों की जांच की गई।

यह अभियान उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, नैनीताल के मार्गदर्शन तथा जनपद न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, देहरादून के अध्यक्ष हरीश कुमार गोयल के दिशा-निर्देशन में संचालित किया जा रहा है। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव के नेतृत्व में ग्रामीणों तक सरकारी योजनाओं और विधिक सहायता का लाभ पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
स्वास्थ्य शिविर में विशेषज्ञ चिकित्सकों ने दी सेवाएं
ग्राम पंचायत धूलकोट माफी में आयोजित स्वास्थ्य शिविर में ग्राफिक एरा हॉस्पिटल की ओर से जनरल फिजिशियन, बाल रोग विशेषज्ञ, स्त्री रोग विशेषज्ञ तथा कान और आंखों से संबंधित रोगों के चिकित्सकों ने सेवाएं प्रदान कीं। फार्मासिस्ट और नर्सिंग स्टाफ भी शिविर में मौजूद रहे।
इस दौरान ग्रामीणों का सामान्य स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और उन्हें आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श दिया गया। स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के उपचार तथा आगे की जांच को लेकर भी जानकारी उपलब्ध कराई गई। शिविर में जरूरतमंदों को निःशुल्क दवाइयां वितरित की गईं। आयोजन का उद्देश्य ग्रामीणों को उनके गांव में ही प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं और विशेषज्ञ परामर्श उपलब्ध कराना रहा।
मोबाइल वैन से 129 लोगों की आंखों की जांच
राही नेत्रधाम हॉस्पिटल के सहयोग से आयोजित नेत्र चिकित्सा शिविर में मोबाइल वैन के माध्यम से ग्रामीणों की आंखों की जांच की गई। शिविर में करीब 129 लोगों का नेत्र परीक्षण कर उन्हें आवश्यक परामर्श दिया गया।
चिकित्सकीय टीम ने ग्रामीणों को नेत्र रोगों की समय पर पहचान, नियमित जांच और उचित उपचार के महत्व के प्रति जागरूक किया। इस पहल से ग्रामीणों को नेत्र संबंधी समस्याओं की पहचान कराने और समय पर चिकित्सकीय सलाह प्राप्त करने का अवसर मिला।
दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण, जरूरतमंदों को बांटे बिस्तर
शिविर के दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, देहरादून के सचिव ने दिव्यांगजनों को उनकी जरूरत के अनुसार वॉकर, बैसाखी और छड़ी जैसे सहायक उपकरण वितरित किए। इन उपकरणों से दिव्यांगजनों को दैनिक गतिविधियों में सहूलियत मिलने की उम्मीद है।
इसके अतिरिक्त मस्ती ज्यादे फाउंडेशन के सहयोग से जरूरतमंद ग्रामीणों को फोल्डिंग बेड, रजाइयां और गद्दे वितरित किए गए। अभियान के अंतर्गत जरूरतमंद परिवारों की पहचान कर उन्हें आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया जा रहा है।
60 दिनों से घर-घर पहुंच रहे 30 पीएलवी
नालसा मेगा ड्राइव अभियान के तहत जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, देहरादून के 30 पैरा लीगल वॉलंटियर्स (PLVs) पिछले करीब 60 दिनों से ग्राम पंचायत धूलकोट माफी में घर-घर जाकर ग्रामीणों से संपर्क कर रहे हैं। इस दौरान 500 से अधिक परिवारों तक पहुंच बनाई गई है।
पीएलवी ग्रामीणों को निःशुल्क विधिक सहायता, विधिक सेवा प्राधिकरण की कार्यप्रणाली, उनके कानूनी अधिकारों और केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दे रहे हैं। साथ ही पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए आवश्यक सहयोग भी प्रदान किया जा रहा है।

पेंशन से लेकर आयुष्मान कार्ड तक, पात्र लाभार्थियों को मिला सहयोग
अभियान के तहत ग्रामीणों को विभिन्न सरकारी योजनाओं से जोड़ने के लिए महत्वपूर्ण प्रयास किए गए हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार अब तक:
- 09 लोगों को वृद्धावस्था पेंशन से जोड़ा गया।
- 09 दिव्यांगजनों के दिव्यांग प्रमाणपत्र अथवा पेंशन संबंधी कार्यों में सहायता की गई।
- 27 आयुष्मान कार्ड बनवाए गए।
- 36 लाभार्थियों को किसान सम्मान निधि योजना से संबंधित सहायता दी गई।
- 70 श्रम कार्ड बनाए गए।
- 07 लोगों के मोतियाबिंद के निःशुल्क ऑपरेशन कराए गए, जो सफल रहे।
- 11 बच्चों को शिक्षा के अधिकार के तहत स्कूलों में प्रवेश दिलाकर शिक्षा से जोड़ा गया।
इसके अलावा जरूरतमंद लोगों को कंबल, रजाइयां, गद्दे, पलंग, मेडिकल किट, वॉकर और बैसाखी सहित आवश्यक सामग्री भी उपलब्ध कराई गई।
आदर्श ग्राम पंचायत बनाने की दिशा में पहल
धूलकोट माफी में चल रहा मेगा ड्राइव अभियान केवल विधिक जागरूकता तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य ग्रामीणों को स्वास्थ्य सेवाओं, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं, शिक्षा और अन्य जरूरी सुविधाओं से जोड़ना भी है। घर-घर संपर्क, स्वास्थ्य शिविर, दिव्यांगजनों को सहायक उपकरणों का वितरण और पात्र लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने की पहल इसी दिशा में की जा रही है।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के इस प्रयास के माध्यम से ग्रामीणों तक सरकारी सेवाओं की पहुंच बढ़ाने और जरूरतमंद परिवारों को सहायता उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है। अभियान के तहत ग्राम पंचायत धूलकोट माफी को आदर्श ग्राम पंचायत के रूप में विकसित करने की दिशा में विभिन्न गतिविधियां संचालित की जा रही हैं।
