नई टिहरी। प्रतापनगर क्षेत्र की पट्टी उपली रमोली में करीब छह हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित सिद्धपीठ मां दिन्याली देवी मंदिर में भव्य जलकलश यात्रा के साथ श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हुआ। कथा के पहले दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचे और कथा का श्रवण करने के साथ मां दिन्याली देवी के दर्शन कर आशीर्वाद लिया।
कथावाचक स्वामी रामभद्र ब्रह्मचारी महाराज ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण करने से मनुष्य को भवसागर से पार होने का मार्ग प्राप्त होता है। भागवत के ज्ञान और संदेश को जीवन में उतारने वाला व्यक्ति सफलता की ओर अग्रसर होता है। उन्होंने कहा कि कथा को केवल सुनने तक सीमित न रखकर उसके संदेश को व्यवहार और दैनिक जीवन में अपनाना चाहिए। इससे जीवन में सकारात्मक बदलाव आता है और व्यक्ति नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकता है।
स्वामी रामभद्र ब्रह्मचारी महाराज ने कठिन चढ़ाई और लंबी दूरी तय कर कथा सुनने पहुंचे श्रद्धालुओं का आभार जताया। उन्होंने कहा कि करीब छह हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित इस दिव्य धाम में श्रद्धालुओं की आस्था और समर्पण बेहद सराहनीय है।
जन्माष्टमी पर होगा विशाल भंडारा
पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य धनपाल पंवार ने बताया कि श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर हर वर्ष पट्टी उपली रमोली के ग्रामीणों के सहयोग से जनकल्याण के लिए श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया जाता है। उन्होंने बताया कि श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के दिन कथा के समापन अवसर पर मंदिर परिसर में विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा।
कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य विजय देवी, प्रधान शंकर पंवार, पूर्व प्रधान देवेंद्र कंडियाल, राजबीर कंडियाल, अवतार सिंह बिष्ट, अंजू चौहान, मनोज पंवार, अजय कंडियाल, रविंद्र पंवार, सोहनपाल सिंह और कीर्ति सिंह पंवार सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
