गौचर। सावन की पहली मूसलाधार बारिश ने गौचर नगर पालिका क्षेत्र के वार्ड नंबर 6 में लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। मंगलवार देर रात हुई तेज बारिश के बाद हवाई पट्टी के समीप स्थित कई मकानों में पानी घुस गया। अचानक हुए जलभराव से प्रभावित परिवार पूरी रात जागकर घरों और सामान को सुरक्षित करने में जुटे रहे।
कई दिनों से भीषण गर्मी झेल रहे लोगों को पहली बारिश से राहत की उम्मीद थी, लेकिन तेज बारिश ने राहत के साथ नई परेशानी भी खड़ी कर दी। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण पूरे वार्ड का वर्षा जल खेतों में जमा हो गया और देखते ही देखते तालाब जैसी स्थिति बन गई।

नगर पालिका की नालियां भी भारी बारिश के आगे बेअसर साबित हुईं। जलभराव इतना बढ़ गया कि पानी मकानों की पिछली बाउंड्री दीवारों को पार कर घरों के अंदर तक पहुंच गया। इससे लोगों में दहशत का माहौल बन गया।
घटना की सूचना मिलने पर नगर पालिका के अवर अभियंता राजीव चौहान ने मौके का निरीक्षण किया और स्थिति की जानकारी पालिका अध्यक्ष संदीप नेगी को दी। निरीक्षण के दौरान क्षेत्र में स्थायी जल निकासी व्यवस्था विकसित करने पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों का कहना है कि लगातार बढ़ते आवासीय निर्माण के कारण प्राकृतिक जल निकासी प्रभावित हो रही है, जिससे हर बारिश में जलभराव की समस्या गंभीर होती जा रही है।
स्थानीय निवासी अनिल कंडारी ने बताया कि रातभर तेज बारिश और आकाशीय बिजली के कारण परिवार के लोग सो नहीं सके। उन्होंने आशंका जताई कि यदि भविष्य में इससे अधिक बारिश हुई तो कई भवनों को गंभीर नुकसान पहुंच सकता है।
जलभराव से प्रभावित भवनों में जगमोहन सिंह मल्ल, बीसा देवी और चंद्रमोहन सिंह बिष्ट के आवास प्रमुख रूप से शामिल हैं। स्थानीय लोगों ने नगर पालिका से जल्द स्थायी जल निकासी व्यवस्था करने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की समस्या दोबारा न हो।
