नई टिहरी। जनपद के लंबगांव में नगर पंचायत द्वारा आयोजित नगर महोत्सव मेले को लेकर उपजा विवाद सोमवार को चरम पर पहुँच गया। मेले के विरोध में स्थानीय व्यापारियों ने पूर्व घोषित चेतावनी के अनुसार संपूर्ण बाजार बंद रखा और नगर पंचायत प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया।
रविवार से शुरू हुए मेले के विरोध में सोमवार सुबह करीब नौ बजे व्यापारी अपनी दुकानें बंद कर लंबगांव शहीद स्मारक पर एकत्र हुए और धरने पर बैठ गए। इस दौरान व्यापारियों ने नगर पंचायत के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मेले को तत्काल स्थगित करने की मांग की। व्यापारियों का आरोप था कि नगर पंचायत ने स्थानीय व्यापार मंडल को विश्वास में लिए बिना बाहरी दुकानदारों को दुकानें आवंटित कर दीं, जिससे उनके व्यापारिक हितों को नुकसान पहुंच रहा है।
व्यापारियों ने पहले ही प्रशासन को चेताया था कि मांगों की अनदेखी होने पर वे बाजार बंद और चक्काजाम करेंगे। सोमवार को स्थिति उस समय और तनावपूर्ण हो गई जब करीब ग्यारह बजे तहसीलदार आनंदपाल धरना स्थल पर पहुंचे और व्यापारियों से मेले को शांतिपूर्वक संचालित होने देने की अपील की। हालांकि व्यापारी अपनी मांगों पर अड़े रहे और सड़क पर उतरकर चक्काजाम की तैयारी करने लगे।
हालात बिगड़ते देख थानाध्यक्ष महिपाल रावत ने मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाला। पुलिस की समझाइश के बाद सांकेतिक रूप से शुरू हुए चक्काजाम को खुलवाया गया और यातायात व्यवस्था बहाल की गई।
गतिरोध को समाप्त करने के लिए दोपहर करीब एक बजे प्रशासन की पहल पर त्रिपक्षीय वार्ता आयोजित की गई। इस बैठक में तहसीलदार आनंदपाल, नगर पंचायत अध्यक्ष रोशन रांगड़ और व्यापार मंडल के प्रतिनिधि शामिल रहे। लंबी चर्चा के बाद सहमति बनी कि नगर महोत्सव मेला आगामी 5 तारीख तक ही आयोजित किया जाएगा। इस निर्णय के बाद व्यापारियों ने अपना आंदोलन वापस ले लिया और बाजार दोबारा खोल दिया।
वार्ता के बाद व्यापार मंडल अध्यक्ष राजीव पंवार ने कहा कि व्यापारी अपने हितों की रक्षा के लिए हमेशा एकजुट रहेंगे और भविष्य में बिना सहमति के ऐसे आयोजन होने पर विरोध किया जाएगा। वहीं नगर पंचायत अध्यक्ष रोशन रांगड़ ने कहा कि मेले से स्थानीय लोगों में उत्साह है और रोजगार के अवसर भी सृजित हो रहे हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि आगे से किसी भी आयोजन में व्यापार मंडल को विश्वास में लिया जाएगा, ताकि विवाद की स्थिति न बने।
