साहिया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में विजयादशमी उत्सव सप्ताह के अंतर्गत साहिया मंडी परिसर में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र के अनेक स्वयंसेवकों ने पूर्ण गणवेश में भाग लिया। इस दौरान आयोजित बौद्धिक सत्र में राष्ट्रीय एकता, अखंडता, राष्ट्रसेवा और महापुरुषों के त्याग एवं संघर्ष पर विचार व्यक्त किए गए।

राष्ट्रसेवा के साथ समाज निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान
कार्यक्रम के बौद्धिक सत्र में मुख्य वक्ता एवं विभाग बौद्धिक प्रमुख कलीराम भट्ट ने स्वयंसेवकों को संबोधित किया। उन्होंने राष्ट्रीय एकता और अखंडता के महत्व पर प्रकाश डालते हुए महापुरुषों के त्याग एवं संघर्ष से प्रेरणा लेने की बात कही। उन्होंने स्वयंसेवकों से राष्ट्रसेवा की भावना के साथ समाज निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
साहिया मुख्य बाजार से निकला अनुशासित पथ संचलन
बौद्धिक सत्र के समापन के बाद स्वयंसेवकों द्वारा अनुशासित पथ संचलन निकाला गया। पथ संचलन साहिया मंडी परिसर से शुरू होकर समाल्टा रोड होते हुए साहिया मुख्य बाजार पहुंचा। इसके बाद संचलन पुनः मंडी परिसर में आकर संपन्न हुआ।
पथ संचलन के दौरान स्वयंसेवक कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़े। इस दौरान स्वयंसेवकों का अनुशासन और राष्ट्रभक्ति की भावना देखने को मिली।
कई पदाधिकारी और स्वयंसेवक रहे मौजूद
कार्यक्रम में सुशील कुमार, जिला प्रचार प्रमुख विक्रम बिष्ट, जिला सद्भाव प्रमुख अनिल, उपमंडल प्रमुख गीता राम, मुख्य शिक्षक संजय वर्मा, कैरुवा मंडल प्रमुख प्रदीप तोमर, राकेश उत्तराखंडी, गंभीर तोमर और दौलत भारती सहित अनेक स्वयंसेवक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का आयोजन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में किया गया, जिसमें स्वयंसेवकों ने सहभागिता कर विजयादशमी उत्सव सप्ताह के कार्यक्रमों में भाग लिया।
