
देवेंद्र गुसाईं गौचर चमोली। गौचर मेले की पहली सांस्कृतिक संध्या विधालयी बच्चों व उत्तराखंड की प्रसिद्ध लोक जागर गायिका डां पम्मी नवल के नाम रही । कार्यक्रम की शुभारंभ मेलाधिकारी सोहन सिंह रांगड ने दीप प्रज्वलित कर किया

स्कूली बच्चों के सांस्कृतिक कार्यक्रमों व डां पम्मी नवल ने अपने जागरो से उपस्थिति दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया,डां पम्मी नवल ने अपने कार्यक्रम की शुरुआत भैरव जागर हुरणी कु दिन,कन लग्ली बाडुली ,नन्दूं का दादा कख छा,अब आई देवतू की संध्या की बारी को दर्शकों ने खूब सराहा साथ ही मृणाल रतूड़ी ने हे नन्दा है गौरा,रम झम स्याली, मैं पहाडू कु रेवासी तू दिल्ली रौण वाई को भी दर्शकों ने खूब गुनगुनगया ।



इस अवसर पर उपजिलाधिकारी कर्ण प्रयाग सोहन सिंह रांगड, पालिका अध्यक्ष संदीप नेगी, तहसीलदार सुधा डोभाल,सभासद विनोद कनवासी,पूनम रावत व पुलिस के आलाधिकारी व जवान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर मुस्तैद नजर आये।

