रुद्रप्रयाग। ऊखीमठ में सकल हिन्दू समाज के तत्वावधान में आयोजित भव्य हिन्दू सम्मेलन धार्मिक आस्था, सामाजिक एकता और सांस्कृतिक चेतना का प्रतीक बनकर उभरा। सम्मेलन के दौरान निकाली गई शोभायात्रा एवं विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रम मुख्य आकर्षण रहे।
सम्मेलन में क्षेत्र के विभिन्न गांवों से धर्माचार्य, सामाजिक कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में आम नागरिकों ने सहभागिता की। कार्यक्रम स्थल वैदिक मंत्रोच्चार, जयघोष और भगवा ध्वजों से धर्ममय वातावरण में परिवर्तित हो गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं सामूहिक प्रार्थना के साथ हुआ।
मुख्य वक्ता डॉ. सुशील कोटनाला ने सनातन धर्म की मूल अवधारणाओं, हिन्दू संस्कृति की परंपरा और सामाजिक समरसता के महत्व पर प्रकाश डालते हुए समाज को संगठित रहने का आह्वान किया। आचार्य सुरेशानन्द गौड़ ने धर्मांतरण, नैतिक मूल्यों में गिरावट और युवाओं में बढ़ते भटकाव जैसे विषयों पर चिंता जताई।
केदारनाथ विधायक आशा नौटियाल ने हिन्दू समाज की एकता को उसकी सबसे बड़ी शक्ति बताते हुए सनातन परंपराओं और धार्मिक स्थलों के संरक्षण पर बल दिया। सम्मेलन की अध्यक्षता ओंकारेश्वर मंदिर के प्रधान पुजारी टी. गंगाधर लिंग ने की। कार्यक्रम का संचालन पूर्व प्रधान जगदीश लाल ने किया। आयोजक संदीप पुष्वाण ने सभी आगंतुकों का आभार व्यक्त किया।
