चमोली। चमोली के नंदानगर में मुख्य पशुचिकित्साधिकारी डॉ. देवेंद्र सिंह बिष्ट ने पोल्ट्री फार्मों का निरीक्षण किया। लंपी स्किन रोग को लेकर भी दिए दिशा-निर्देश।`
चमोली जिले के नंदानगर (घाट) विकासखंड में पशुपालन विभाग की टीम ने पोल्ट्री फार्मों का औचक निरीक्षण किया। यह निरीक्षण मुख्य पशुचिकित्साधिकारी, चमोली डॉ. देवेंद्र सिंह बिष्ट के नेतृत्व में किया गया।
लांखी और नारंगी में मिला संतोषजनक प्रबंधन
विभागीय टीम ने सबसे पहले लांखी क्षेत्र में श्री राकेश बिष्ट द्वारा संचालित ब्रॉयलर पोल्ट्री फार्म का जायजा लिया। यहां 17 दिन की आयु के लगभग 750 ब्रॉयलर चूजे पाए गए। इसके बाद टीम ने नारंगी स्थित श्री महावीर सिंह के फार्म का निरीक्षण किया, जहां लगभग 1200 ब्रॉयलर चूजे मौजूद थे।
निरीक्षण के दौरान दोनों फार्मों पर चूजों के रख-रखाव, दाना-पानी और साफ-सफाई की व्यवस्था उचित और संतोषजनक पाई गई। फार्म संचालकों ने अधिकारियों को बताया कि ये चूजे टिहरी गढ़वाल के छाम स्थित पोल्ट्री फार्म से लाए गए हैं और वे नियमित रूप से ब्रॉयलर पालन का कार्य कर रहे हैं।

पशुपालकों को मिलेगा विभागीय सहयोग
मुख्य पशुचिकित्साधिकारी डॉ. देवेंद्र सिंह बिष्ट ने दोनों फार्म संचालकों से विस्तार से बातचीत की और फार्म प्रबंधन की जानकारी ली। उन्होंने आश्वासन दिया कि भविष्य में पशुपालन विभाग की ओर से पोल्ट्री फार्म संचालकों को तकनीकी सलाह और आवश्यक सहयोग प्रदान किया जाएगा, ताकि क्षेत्र में पोल्ट्री व्यवसाय को बढ़ावा मिल सके।
लंपी स्किन रोग को लेकर विशेष सतर्कता
निरीक्षण के बाद टीम ने राजकीय पशु चिकित्सालय, नंदानगर (घाट) में विभागीय कार्यों की समीक्षा बैठक की। इस दौरान पशुचिकित्साधिकारी डॉ. अविनाश चौहान ने बताया कि वर्तमान में लंपी स्किन रोग की रोकथाम के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है।
विभाग द्वारा गांव-गांव में शिविर लगाकर पशुओं के रक्त के नमूने लिए जा रहे हैं और उन्हें जांच के लिए श्रीनगर स्थित प्रयोगशाला में भेजा जा रहा है। साथ ही पशुपालकों को रोग के लक्षण, समय पर टीकाकरण, पशुशाला की स्वच्छता और लक्षण दिखने पर तुरंत नजदीकी पशु चिकित्सालय से संपर्क करने के लिए जागरूक किया जा रहा है।
इस निरीक्षण दल में डॉ. छाया (पशुचिकित्साधिकारी-IPDP-कर्णप्रयाग), सीमा बर्तवाल (अपर जिला सहकारी अधिकारी-गोपेश्वर), नरेंद्र सिंह गुसाईं (क्षेत्र प्रसार अधिकारी-IPDP कर्णप्रयाग), महावीर रावत (सचिव, MPACS-नंदानगर) एवं संजय राणा (एडीओ, MPACS-नंदानगर) मौजूद रहे।
