उत्तराखंड परिवहन निगम की बसें यात्रा रूट पर भेजे जाने से स्थानीय यात्री परेशान

चमोली ।  थराली क्षेत्र में इन दिनों स्थानीय यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। लंबे समय से नियमित रूप से संचालित होने वाली उत्तराखंड परिवहन निगम की बसों को चारधाम यात्रा रूट पर भेजे जाने के कारण ग्रामीण क्षेत्रों के लोग मायूस और परेशान नजर आ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि पहले थराली-देवाल रूट पर चलने वाली परिवहन निगम की बसें दूर-दराज गांवों के यात्रियों के लिए जीवनरेखा साबित होती थीं।
खासकर देहरादून आने-जाने वाले बुजुर्ग, बीमार और मध्यम वर्गीय परिवार इन्हीं बसों के भरोसे सफर करते थे, लेकिन अब बसों के यात्रा मार्गों पर लगाए जाने से स्थानीय लोगों की आवाजाही प्रभावित हो गई है।
जानकारी के अनुसार, बीते डेढ़ महीने से थराली से देवाल रूट पर संचालित होने वाली परिवहन निगम की बस अपने नियमित मार्ग पर नहीं चल रही है। ऐसे में ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले यात्रियों को घंटों सड़क किनारे वाहनों का इंतजार करना पड़ रहा है। कई बुजुर्ग और बीमार यात्री इधर-उधर भटकने को मजबूर हैं।
स्थानीय निवासी यमुना प्रसाद उनियाल, कमलेश देवराड़ी, अनिल जोशी, गंभीर रावत, मुकेश रावत, कमला देवी, पुष्पा देवी, ग्राम प्रधान सुनला भगवती प्रसाद, देवी जोशी ग्राम प्रधान चेपड़ो और महावीर सिंह बिष्ट समेत अन्य लोगों ने सरकार और परिवहन निगम पर उपेक्षा का आरोप लगाया है।
उनका कहना है कि बिना स्थानीय जनता की जरूरतों को समझे नियमित बस सेवाओं को यात्रा रूट पर भेज दिया गया, जिससे आम जनता की दिक्कतें बढ़ गई हैं। लोगों का कहना है कि पहाड़ी क्षेत्रों में पहले से ही वाहनों की कमी बनी रहती है। ऐसे में परिवहन निगम की बसें गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों के लिए सबसे सस्ता और भरोसेमंद साधन थीं। देहरादून से देवाल तक का किराया भी आम लोगों की पहुंच में था, जिससे वे आसानी से अपने गंतव्य तक पहुंच जाते थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *