मंगलौर (हरिद्वार)। मंगलौर क्षेत्र के बूढ़पुर गांव में किसानों की विभिन्न समस्याओं और मांगों को लेकर किसान महापंचायत का आयोजन किया गया। महापंचायत में भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत अपने साथियों के साथ पहुंचे। गुरुकुल नारसन बॉर्डर पर उनका स्वागत किया गया, जिसके बाद उन्होंने ट्रैक्टर चलाकर किसानों की रैली में हिस्सा लिया। रैली में बड़ी संख्या में किसान ट्रैक्टर लेकर शामिल हुए।
महापंचायत में किसानों ने गन्ने का मूल्य बढ़ाकर 1000 रुपये प्रति क्विंटल करने, किसानों को मुफ्त बिजली उपलब्ध कराने और स्मार्ट मीटर लगाने पर रोक लगाने सहित विभिन्न मांगें उठाईं। किसानों ने कहा कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाए और मांगों को सरकार तक प्रभावी ढंग से पहुंचाया जाए।

गन्ने के दाम बढ़ाने और मुफ्त बिजली की मांग
भारतीय किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष विजय कुमार शास्त्री ने महापंचायत में किसानों की प्रमुख समस्याओं को उठाते हुए गन्ने के मूल्य में बढ़ोतरी, मुफ्त बिजली और स्मार्ट मीटर नहीं लगाने की मांग राकेश टिकैत के सामने रखी।
इन मांगों पर बोलते हुए राकेश टिकैत ने कहा कि किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए राज्य और केंद्र सरकार के खिलाफ आंदोलन और महापंचायतों का सिलसिला जारी रखा जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसानों के हितों से जुड़े मुद्दों को लेकर सरकारों पर दबाव बनाया जाता रहेगा।
उत्तराखंड और केंद्र सरकार के खिलाफ बताया विरोध
किसान नेता राकेश टिकैत ने कहा कि किसानों का यह विरोध उत्तराखंड सरकार और केंद्र सरकार, दोनों के खिलाफ है। उन्होंने फसलों को होने वाले नुकसान का उचित मुआवजा देने और गन्ने के दाम बढ़ाने की मांग की।
उन्होंने उत्तर प्रदेश की तर्ज पर उत्तराखंड में भी किसानों को मुफ्त बिजली उपलब्ध कराने की मांग उठाई। टिकैत ने कहा कि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिलना चाहिए और कृषि से जुड़ी समस्याओं का समाधान किया जाना चाहिए।

जंगली जानवरों से फसलों को नुकसान और पलायन का मुद्दा उठा
महापंचायत में पहाड़ी क्षेत्रों में जंगली जानवरों से किसानों की फसलों को हो रहे नुकसान का मुद्दा भी उठाया गया। राकेश टिकैत ने कहा कि जंगली जानवरों के कारण किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इससे खेती करना मुश्किल हो रहा है और कई लोग पलायन करने को मजबूर हैं।
उन्होंने इस समस्या के समाधान के लिए प्रभावी कदम उठाने की जरूरत पर जोर दिया, ताकि किसानों की आजीविका सुरक्षित रह सके और ग्रामीण क्षेत्रों से पलायन पर अंकुश लगाया जा सके।
पेपर लीक मामलों में सख्त कानून बनाने की मांग
राकेश टिकैत ने पेपर लीक प्रकरणों पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि पेपर लीक मामलों में सख्त कानून बनाया जाना चाहिए और सरकार को ऐसी घटनाओं पर कड़ी निगरानी रखनी चाहिए। उन्होंने दोषियों को कठोर सजा देने की जरूरत बताते हुए कहा कि भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित की जानी चाहिए, ताकि बेरोजगार युवाओं को न्याय मिल सके और उन्हें रोजगार के उचित अवसर प्राप्त हों।
महापंचायत में किसानों ने अपनी मांगों को लेकर एकजुटता दिखाई। किसान नेताओं ने कहा कि गन्ने का उचित मूल्य, मुफ्त बिजली, फसलों के नुकसान का मुआवजा और किसानों की अन्य समस्याओं के समाधान के लिए संघर्ष जारी रहेगा।
