उत्तराखंड। केंद्रीय संचार ब्यूरो, सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार के क्षेत्रीय कार्यालय, नैनीताल द्वारा आयोजित दो दिवसीय एकीकृत संचार एवं आउटरीच कार्यक्रम का बुधवार को पीएम श्री राजकीय इंटर कॉलेज, कालाढूंगी में समापन हुआ। कार्यक्रम का आयोजन ‘विकसित भारत – रोजगार और आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण अभियान)’ तथा ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ के तहत किया गया।
कार्यक्रम में भारत सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं एवं अभियानों पर आधारित चित्र प्रदर्शनी लगाई गई। छात्रों के लिए आयोजित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में संजना, सचिन, हर्षित, रूप, हिमानी, योगेश और नितिन ने सही उत्तर देकर पुरस्कार प्राप्त किए।

चित्रकला एवं पोस्टर प्रतियोगिताओं में विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। गोस्वामी सरस्वती विद्या मंदिर (बालिका वर्ग) में नेहा शाह प्रथम, शुभांगी द्वितीय और साक्षी विष्णु तृतीय रहीं। ‘विकसित भारत’ विषय (बालक वर्ग) में हर्षित सैनी प्रथम, बिलाल द्वितीय और फैजान तृतीय स्थान पर रहे। पोस्टर प्रतियोगिता में सत्य बिष्ट प्रथम, महक बिष्ट द्वितीय तथा रचना मेरा तृतीय स्थान पर रहीं।
स्थानीय कलाकारों एवं छात्र-छात्राओं ने कुमाऊनी संस्कृति पर आधारित रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर दर्शकों का मन मोह लिया। वहीं सांस्कृतिक कला उत्थान समिति, खुरपा ताल के कलाकारों ने पारंपरिक लोक संस्कृति की मनमोहक झलक प्रस्तुत की।

कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण केंद्रीय संचार ब्यूरो, नैनीताल के कलाकारों द्वारा प्रस्तुत नशा विरोधी नाटक ‘पुनर्वास की आस’ रहा। नाटक के माध्यम से युवाओं को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराते हुए नशा मुक्त समाज के निर्माण का संदेश दिया गया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, कालाढूंगी की चिकित्सक डॉ. प्रियंका कांडपाल ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि नशा एक गंभीर बीमारी है और इससे दूर रहकर ही स्वस्थ, सशक्त एवं विकसित भारत के निर्माण में प्रभावी योगदान दिया जा सकता है।
कार्यक्रम के माध्यम से स्थानीय युवाओं और छात्र-छात्राओं को केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देने के साथ-साथ नशा मुक्त भारत के निर्माण में सक्रिय भागीदारी का संदेश भी दिया गया।
