नई टिहरी। उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ की 27 सूत्रीय मांगों को लेकर चल रहा आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। जनपद टिहरी में लोनिवि निरीक्षण भवन टिहरी में महासंघ के सदस्यों का धरना-प्रदर्शन शनिवार को 13वें दिन भी जारी रहा।
महासंघ के आंदोलन का असर अब आवश्यक सेवाओं पर भी दिखने लगा है। जल संस्थान और पेयजल निगम के कर्मचारी भी विभिन्न शाखाओं में धरने में शामिल हो रहे हैं। इसके चलते चारधाम यात्रा की तैयारियों, हॉट मिक्स कार्य, रिंग रोड के लिए भूमि अधिग्रहण सहित कई महत्वपूर्ण परियोजनाएं प्रभावित हो रही हैं।
महासंघ की ओर से प्रथम और द्वितीय चरण के आंदोलन के बाद 23 मार्च से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की गई थी, जो अभी तक जारी है। शनिवार को आयोजित धरना-प्रदर्शन में कर्मचारियों ने सरकार और शासन के प्रति रोष व्यक्त किया।
धरने की अध्यक्षता सुरेंद्र सिंह तनवर ने की, जबकि संचालन नितिन लेखवार द्वारा किया गया। इस दौरान शाखा सचिव आशीष मित्तल, जनपद सचिव राजेंद्र सोढ़ी, मंडल अध्यक्ष (लघु सिंचाई) अंकित कुमार सैनी, मंडल उपाध्यक्ष (ग्रामीण निर्माण विभाग) स्वाति चौहान, जनपद अध्यक्ष (लघु सिंचाई) दुर्गेश कुमार और आरती तोपवाल सहित कई सदस्य मौजूद रहे।
महासंघ के इस आंदोलन ने अब प्रदेश की महत्वपूर्ण विकास योजनाओं और जनसेवाओं पर असर डालना शुरू कर दिया है, जिससे सरकार पर जल्द समाधान निकालने का दबाव बढ़ता जा रहा है।
